प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY)
घोषणा तिथि: 8 अप्रैल 2015
उद्देश्य: छोटे व्यवसायों को वित्तीय सहायता प्रदान करना।
अटल पेंशन योजना (APY)
घोषणा तिथि: 9 मई 2015
उद्देश्य: वृद्धावस्था में वित्तीय सुरक्षा प्रदान करना।
लाभार्थी: 18 से 40 वर्ष के लोग।
प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना (PMSBY)
घोषणा तिथि: 9 मई 2015
उद्देश्य: दुर्घटना बीमा प्रदान करना।
कवरेज: ₹2 लाख का बीमा
स्वच्छ भारत अभियान
घोषणा तिथि: 2 अक्टूबर 2014
उद्देश्य: स्वच्छता और स्वास्थ्य को बढ़ावा देना।
लक्ष्य: 2 अक्टूबर 2019 तक भारत को स्वच्छ बनाना।
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना
लागू: 2019
उद्देश्य: बेटियों के जन्म और शिक्षा को प्रोत्साहित करना।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना
लागू: 2016
उद्देश्य: गरीब परिवारों की बेटियों के विवाह में सहायता प्रदान करना।
निःशुल्क बोरिंग योजना
लागू: 2017
उद्देश्य: जल संकट से निपटने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में बोरिंग की सुविधा।
अम्बेडकर विशेष रोजगार योजना
लागू : 2017
उद्देश्य: अनुसूचित जातियों के लिए रोजगार के अवसर प्रदान करना।
उत्तर प्रदेश माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण योजना
लागू: 2018
उद्देश्य: वरिष्ठ नागरिकों को आर्थिक सहायता प्रदान करना।
बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना
लागू: 2015
उद्देश्य: बेटियों के प्रति सामाजिक जागरूकता बढ़ाना और उनकी शिक्षा को प्रोत्साहित करना।
उज्ज्वला योजना
लागू : 2016
उद्देश्य: गरीब परिवारों को मुफ्त रसोई गैस कनेक्शन प्रदान करना।
प्रधान मंत्री आवास योजना (PMAY)
घोषणा तिथि: 25 जून 2015
उद्देश्य: सभी के लिए आवास उपलब्ध कराना।
विभाजन: शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में लागू।
प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) एक महत्वपूर्ण सरकारी योजना है, जिसका उद्देश्य गरीब और बेघर परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराना है। यह योजना 2016 में शुरू की गई थी, जब इसे इंदिरा आवास योजना का नाम बदलकर लागू किया गया।
योजना के मुख्य बिंदु:
लाभार्थी: ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के गरीब परिवार।
लाभ:
पक्के मकान का निर्माण।
वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।
दस्तावेज़:
आधार नंबर: आधार कार्ड की स्व-प्रमाणित प्रति।
जॉब कार्ड: मनरेगा के अंतर्गत जॉब कार्ड की आवश्यकता।
बैंक खाता विवरण: लाभार्थी के बैंक खाते की जानकारी।
योजना के प्रकार:
प्रधानमंत्री आवास योजना – शहरी (PMAY-U): शहरी क्षेत्रों में।
प्रधानमंत्री आवास योजना – ग्रामीण (PMAY-G): ग्रामीण क्षेत्रों में।
प्रधानमंत्री जन धन योजना (PMJDY):
प्रधानमंत्री जन धन योजना (PMJDY) एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय वित्तीय समावेशन मिशन है, जिसे 2014 में शुरू किया गया था। इसकानं मुख्य उद्देश्य सभी नागरिकों को वित्तीय सेवाओं, जैसे कि बैंकिंग, बचत, जमा खाते, ऋण, बीमा, और पेंशन तक पहुँच सुनिश्चित करना है।
योजना के मुख्य बिंदु:
लाभार्थी: सभी भारतीय नागरिक, विशेषकर गरीब और निम्न आय वर्ग के लोग।
लाभ: बैंक खाता: सभी लाभार्थियों को बिना किसी न्यूनतम बैलेंस के बैंक खाता खोलने की सुविधा।
ऋण और बीमा: लाभार्थियों को ऋण और बीमा सेवाओं का लाभ।
डिजिटल लेनदेन: डिजिटल माध्यम से धन प्रेषण की सुविधा।
खातों की संख्या: अब तक 54.84 करोड़ लाभार्थियों ने इस योजना के तहत बैंक में खाते खोले हैं, जिनमें ₹249,769.37 करोड़ की धनराशि जमा है।
योजना के लाभ:
बैंक मित्र: 1.26 लाख बैंक मित्र शाखा रहित बैंकिंग सेवाएं प्रदान कर रहे हैं।
वित्तीय साक्षरता: लोगों को वित्तीय सेवाओं के प्रति जागरूक करना।
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY):
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) एक महत्वपूर्ण सरकारी योजना है, जिसे 1 मई 2016 को शुरू किया गया था। इसका मुख्य उद्देश्य गरीब परिवारों की महिलाओं को मुफ्त एलपीजी गैस कनेक्शन प्रदान करना है, ताकि वे स्वच्छ और सुरक्षित ईंधन का उपयोग कर सकें।
योजना के मुख्य बिंदु:
लाभार्थी:गरीब परिवारों की महिलाएं।
लाभ:मुफ्त एलपीजी कनेक्शन।
रसोई में धुएं से मुक्ति।
पात्रता मानदंड:
आवेदक की आयु 18 वर्ष होनी चाहिए (केवल महिला)।
एक ही घर में किसी भी ओएमसी से कोई अन्य एलपीजी कनेक्शन नहीं होना चाहिए।
आवश्यक दस्तावेज:बीपीएल राशन कार्ड।
पंचायत प्रधान / नगर पालिका अध्यक्ष द्वारा अधिकृत बीपीएल प्रमाण पत्र।
एक फोटो पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड या वोटर आईडी कार्ड)।
हाल का एक पासपोर्ट आकार का फोटो।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY):
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) एक सरकारी योजना है, जिसे किसानों की फसल की सुरक्षा के लिए शुरू किया गया है। यह योजना 1 जनवरी 2016 को लागू की गई थी और इसका मुख्य उद्देश्य किसानों को प्राकृतिक आपदाओं, कीटों और बीमारियों से होने वाले फसल नुकसान के खिलाफ सुरक्षा प्रदान करना है।
योजना के मुख्य बिंदु:
लाभार्थी: सभी किसान, चाहे वे छोटे, सीमांत या बड़े हों।
लाभ:फसल बीमा: प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल के नुकसान पर मुआवजा।
सस्ती प्रीमियम: किसानों को बीमा प्रीमियम पर सब्सिडी मिलती है।
सभी फसलों का बीमा: रबी, खरीफ और अन्य फसलों का बीमा किया जाता है।
पात्रता मानदंड:
सभी किसान जो फसल उगाते हैं, इस योजना के तहत आवेदन कर सकते हैं।
बीमा के लिए आवेदन फसल की बुवाई के समय करना होता है।
योजना के लाभ:
किसानों की सुरक्षा: प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान की भरपाई।
आर्थिक स्थिरता: किसानों को वित्तीय सुरक्षा प्रदान करना।
स्वच्छ भारत मिशन (Swachh Bharat Mission):
स्वच्छ भारत मिशन (Swachh Bharat Mission) एक महत्वपूर्ण सरकारी अभियान है, जिसे 2 अक्टूबर 2014 को शुरू किया गया था। इसका उद्देश्य भारत को स्वच्छ और स्वस्थ बनाना है, और यह महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के अवसर पर शुरू किया गया था।
योजना के मुख्य बिंदु:
उद्देश्य:सार्वजनिक स्थानों, गलियों, और सड़कों की सफाई।
शौचालयों का निर्माण और स्वच्छता को बढ़ावा देना।
लाभ: स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना।
स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं में कमी लाना।
उप मिशन:
ग्रामीण स्वच्छता: ग्रामीण क्षेत्रों में शौचालयों का निर्माण।
शहरी स्वच्छता: शहरी क्षेत्रों में कचरा प्रबंधन और सफाई।
महत्वपूर्ण तथ्य: शुरू होने की तिथि: 2 अक्टूबर 2014
लक्ष्य: 2 अक्टूबर 2019 तक “स्वच्छ भारत” का लक्ष्य प्राप्त करना।
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) एक महत्वपूर्ण सरकारी योजना है, जिसे 5 सितम्बर 2005 को लागू किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार की सुरक्षा प्रदान करना है।
योजना के मुख्य बिंदु:
उद्देश्य:
प्रत्येक ग्रामीण परिवार के वयस्क सदस्यों को 100 दिन का रोजगार उपलब्ध कराना।
सार्वजनिक कार्यों में अकुशल मजदूरी के लिए न्यूनतम वेतन सुनिश्चित करना।
लाभ:
सांविधिक न्यूनतम मजदूरी: प्रति दिन 220 रुपये की मजदूरी।
रोजगार की कानूनी गारंटी, जिससे ग्रामीण परिवारों को आर्थिक सुरक्षा मिलती है।
पात्रता:
सभी ग्रामीण परिवार, जिनके वयस्क सदस्य अकुशल मैनुअल काम करने के इच्छुक हैं, इस योजना के तहत आवेदन कर सकते हैं।
महत्वपूर्ण तथ्य:
शुरू होने की तिथि: 5 सितम्बर 2005
रोजगार की गारंटी: प्रति वित्तीय वर्ष में 100 दिन का रोजगार।
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY)
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY) एक महत्वपूर्ण सरकारी पहल है, जिसे जुलाई 2015 में शुरू किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य भारत के युवाओं को उनके पसंदीदा क्षेत्रों में कौशल प्रशिक्षण प्रदान करना है, ताकि वे स्वरोजगार या रोजगार के अवसर प्राप्त कर सकें।
योजना के मुख्य बिंदु:
उद्देश्य:
युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान करना ताकि वे रोजगार के लिए तैयार हो सकें।
स्वरोजगार के अवसरों को बढ़ावा देना।
लाभ:
प्रशिक्षण केंद्रों के माध्यम से व्यावहारिक कौशल सिखाना।
नौकरी के लिए आवश्यक कौशल विकसित करना।
पात्रता:
सभी युवा, जो 15 से 45 वर्ष के बीच हैं, इस योजना के तहत आवेदन कर सकते हैं।
प्रशिक्षण क्षेत्र:
विभिन्न क्षेत्रों में प्रशिक्षण, जैसे कि सूचना प्रौद्योगिकी, निर्माण, हॉस्पिटैलिटी, आदि।
महत्वपूर्ण तथ्य:
शुरू होने की तिथि: जुलाई 2015
लक्ष्य: 2020 तक एक करोड़ युवाओं को प्रशिक्षित करना।
यह योजना न केवल युवाओं को कौशल प्रदान करती है, बल्कि यह देश की आर्थिक विकास में भी योगदान करती है।